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अभ्यास से समझ तक

वस्तुनिष्ठ प्रश्न-संग्रह • पृष्ठ 167

एक सवाल हल कीजिए, उसका कारण समझिए, फिर आगे बढ़िए। करंट अफेयर्स, विषयवार अध्ययन और विगत वर्षों के प्रश्न अब एक जगह।

4666 प्रश्न संग्रह में3816 प्रश्न उत्तर और व्याख्या सहित
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सत्र में प्रश्नों की संख्या

3321–3340 / 4666 प्रश्न

प्रश्न-संग्रह

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विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनसुपर्प्रीम कोर्ट की कॉलेजियम प्रणाली ( Collegium System) के विकास से जुड़े निम्नलिखित मामलों का सही कालानुक्रमिक क्रम क्या है? 1. प्रथम न्यायाधीश…

सुपर्प्रीम कोर्ट की कॉलेजियम प्रणाली ( Collegium System) के विकास से जुड़े निम्नलिखित मामलों का सही कालानुक्रमिक क्रम क्या है? 1. प्रथम न्यायाधीश मामला (एस. पी. गुप्ता मामला) 2. द्वितीय न्यायाधीश मामला (सुप्रीम कोर्ट एडवोके ट्स-ऑन-रिकॉर्ड एसोसिएशन) 3. तृतीय न्यायाधीश मामला (राष्ट्रपति संदर्भ / Special Reference 1 of 1998) नीचे दिए गए कू ट का प्रयोग कर सही क्रम चुनिए:

उत्तर और पूरी व्याख्या

प्रथम न्यायाधीश मामला (1981 - परामर्श का अर्थ सहमति नहीं), द्वितीय न्यायाधीश मामला (1993 - कॉलेजियम प्रणाली का जन्म, परामर्श = सहमति), तथा तृतीय न्यायाधीश मामला (1998 - 5-सदस्यीय कॉलेजियम का विस्तार)।

UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2019सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश के महाभियोग के संदर्भ में:लोकसभा अध्यक्ष प्रस्ताव अस्वीकार नहीं कर सकता।संविधान ‘अक्षमता और सिद्ध दुराचार’ का पूरा विवरण …
सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश के महाभियोग के संदर्भ में:
  1. लोकसभा अध्यक्ष प्रस्ताव अस्वीकार नहीं कर सकता।
  2. संविधान ‘अक्षमता और सिद्ध दुराचार’ का पूरा विवरण देता है।
  3. प्रक्रिया का विवरण Judges (Inquiry) Act, 1968 में है।
  4. मतदान पर प्रत्येक सदन में कुल सदस्यता का बहुमत और उपस्थित-मतदान का दो-तिहाई समर्थन चाहिए।
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(c) केवल 3 और 4

क्यों?

  • अध्यक्ष प्रस्ताव स्वीकार/अस्वीकार कर सकता है; 3 और 4 सही हैं।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनसुभाष देसाई बनाम प्रधान सचिव, महाराष्ट्र राज्यपाल (महाराष्ट्र राजनीतिक संकट, 2023) मामले में उच्चतम न्यायालय की 5- न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने …

सुभाष देसाई बनाम प्रधान सचिव, महाराष्ट्र राज्यपाल (महाराष्ट्र राजनीतिक संकट, 2023) मामले में उच्चतम न्यायालय की 5- न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने क्या महत्वपूर्ण सिद्धांत प्रतिपादित किए? Whip) और नेता की नियुक्ति का अधिकार मूल राजनीतिक दल (Political 1. दसवीं अनुसूची के तहत अयोग्यता के प्रयोजनों के लिए व्हिप ( Party) के पास होता है, न कि उससे अलग हुए विधायिका दल (Legislature Party) के पास। 2. विधान सभा अध्यक्ष और भारत का निर्वाचन आयोग (ECI) एक साथ अपने-अपने क्षेत्राधिकार में क्रमशः अयोग्यता और वास्तविक चुनाव चिह्न के विवाद का निपटारा कर सकते हैं। 3. राज्यपाल के पास सदन में फ्लोर टेस्ट (बहुमत परीक्षण) कराने का कोई वैध आधार नहीं था क्योंकि केवल पार्टी के भीतर का आंतरिक असंतोष सरकार के अल्पमत में आने का प्रमाण नहीं है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

उत्तर और पूरी व्याख्या

तीनों कथन सही हैं। मई 2023 के ऐतिहासिक फैसले में सुप्रीम कोर्ट ने माना कि व्हिप राजनीतिक दल द्वारा तय होता है न कि अलग हुए गुट द्वारा, और राज्यपाल पार्टी के आंतरिक कलह के आधार पर फ्लोर टेस्ट नहीं बुला सकते।

UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2026सुश्री X, एक मध्यम स्तरीय सिविल सेवा अधिकारी हैं, जो एक प्रमुख नगर के शहरी विकास विभाग में कार्यरत हैं। हाल ही में, वे एक सार्वजनिक अवसंरचना परिय…
सुश्री X, एक मध्यम स्तरीय सिविल सेवा अधिकारी हैं, जो एक प्रमुख नगर के शहरी विकास विभाग में कार्यरत हैं। हाल ही में, वे एक सार्वजनिक अवसंरचना परियोजना—सामुदायिक उद्यान—हेतु संविदा की अनुमोदन प्रक्रिया में सम्मिलित थीं। अनुमोदन प्रक्रिया के दौरान, उन्हें एक गोपनीय सूचना प्राप्त होती है, जिसमें इसका उल्लेख है कि चयनित सूची में सम्मिलित एक संविदाकार के अन्य नगरों में घटिया कार्य-शैली और भ्रष्टाचार के आरोपों का पूर्ववृत्त रहा है, यद्यपि विधि द्वारा कुछ भी प्रमाणित नहीं हुआ है। विभागाध्यक्ष श्री Y, उन्हें इस सूचना को परियोजना समिति अथवा जनता के समक्ष प्रकट न करने की सलाह देते हैं क्योंकि इससे परियोजना में विलंब हो सकता है और नगर की प्रतिष्ठा को हानि हो सकती है। हालाँकि, सुश्री X का मानना है कि ऐसी सूचना को रोकना, पारदर्शिता और जनता के विश्वास से समझौता करना होगा।

अब, सुश्री X को निम्नलिखित में से क्या करना चाहिए?

  1. परियोजना समिति और जनता के समक्ष सूचना को तत्काल प्रकट करना चाहिए।
  2. परियोजना की संपूर्णता (integrity) के संरक्षण के लिए चयनित सूची से संविदाकार को हटाने की अनुशंसा करनी चाहिए।
  3. कुछ समय के लिए जनता से इस सूचना को गोपनीय रखते हुए, किसी निरीक्षण समिति को एक ‘सीमित प्रकटीकरण’ प्रस्तावित करना चाहिए।

नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर उत्तर चुनिए :

उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) केवल 3

कथनवार विश्लेषण

  • कथन 1 उचित नहीं: सूचना गोपनीय है और आरोप अभी प्रमाणित नहीं हैं। तत्काल सार्वजनिक प्रकटीकरण प्राकृतिक न्याय, गोपनीयता और निष्पक्ष प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है।
  • कथन 2 उचित नहीं: केवल अप्रमाणित आरोपों के आधार पर संविदाकार को हटाना बिना जाँच के दंडात्मक निष्कर्ष होगा।
  • कथन 3 उचित: सीमित प्रकटीकरण सक्षम निरीक्षण/सतर्कता समिति को जाँच का अवसर देता है और एक साथ पारदर्शिता, गोपनीयता तथा उचित प्रक्रिया का संतुलन रखता है।
प्रशासनिक सिद्धांत: अप्रमाणित आरोप → सार्वजनिक दोषारोपण नहीं; सक्षम संस्थागत चैनल → सत्यापन → फिर निर्णय।
UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2017स्थानीय स्वशासन को सबसे अच्छी तरह किस रूप में समझा जा सकता है?
स्थानीय स्वशासन को सबसे अच्छी तरह किस रूप में समझा जा सकता है?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) लोकतांत्रिक विकेंद्रीकरण

क्यों?

  • स्थानीय निकाय सत्ता और निर्णय को निचले स्तर तक लोकतांत्रिक रूप से विकेंद्रित करते हैं।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनस्थायी लोक अदालतों ( Permanent Lok Adalats) के संदर्भ में वर्ष 2002 के संशोधन द्वारा किए गए विशेष प्रावधानों पर विचार कीजिए: 1. स्थायी लोक अदालतो…

स्थायी लोक अदालतों ( Permanent Lok Adalats) के संदर्भ में वर्ष 2002 के संशोधन द्वारा किए गए विशेष प्रावधानों पर विचार कीजिए: 1. स्थायी लोक अदालतों की स्थापना सार्वजनिक उपयोगिता सेवाओं ( Public Utility Services जैसे परिवहन, डाक, टेलीफोन, विद्युत, जल, अस्पताल आदि) से संबंधित विवादों के निपटारे के लिए की गई है। 2. यदि दोनों पक्षों के बीच सुलह या समझौता नहीं हो पाता है, तो भी स्थायी लोक अदालत को विवाद का गुण-दोष के आधार पर निर्णय (Decide on merits) करने का वैधानिक अधिकार है। 3. स्थायी लोक अदालत का निर्णय दोनों पक्षों पर अंतिम और बाध्यकारी होता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

उत्तर और पूरी व्याख्या

तीनों कथन सही हैं। Permanent Lok Adalat public utility services के pre-litigation disputes में पहले conciliation का प्रयास करती है और समझौता न होने पर, गैर-समझौतायोग्य अपराध से जुड़े मामलों को छोड़कर, merits पर निर्णय दे सकती है। वर्तमान वैधानिक pecuniary jurisdiction अधिकतम ₹1 करोड़ तक बढ़ाई जा चुकी है; उसका award final and binding होता है।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनस्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के बारे में सुप्रीम कोर्ट के दृष्टिकोण पर विचार कीजिए: 1. Indira Nehru Gandhi v. Raj Narain (1975) में free and fair e…

स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के बारे में सुप्रीम कोर्ट के दृष्टिकोण पर विचार कीजिए: 1. Indira Nehru Gandhi v. Raj Narain (1975) में free and fair elections को मूल ढांचे से जोड़ा गया। 2. संसद का चुनाव-संबंधी संशोधन भी मूल ढांचे की कसौटी पर न्यायिक समीक्षा से पूरी तरह बाहर नहीं है।

उत्तर और पूरी व्याख्या

दोनों सही हैं। स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव लोकतांत्रिक संवैधानिक संरचना का मूल तत्व माने गए हैं।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनस्वतंत्र निकायों (Independent Bodies) के संदर्भ में जिन्हें संविधान द्वारा 'लोकतांत्रिक व्यवस्था के सुरक्षा स्तंभ' कहा गया है, निम्नलिखित में से …

स्वतंत्र निकायों (Independent Bodies) के संदर्भ में जिन्हें संविधान द्वारा 'लोकतांत्रिक व्यवस्था के सुरक्षा स्तंभ' कहा गया है, निम्नलिखित में से कौन-कौन शामिल हैं? 1. भारत का निर्वाचन आयोग (Election Commission of India) 2. नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (Comptroller and Auditor General of India) 3. संघ लोक सेवा आयोग (Union Public Service Commission) 4. नीति आयोग (NITI Aayog) नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:

उत्तर और पूरी व्याख्या

नीति आयोग एक गैर-संवैधानिक और कार्यकारी निकाय (Executive Body) है। संविधान में उल्लिखित स्वतंत्र संवैधानिक सुरक्षा स्तंभ ECI, CAG, UPSC और SPSC हैं।

BPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासनस्वतंत्र भारत के प्रथम विधि आयोग के अध्यक्ष कौन थे?
स्वतंत्र भारत के प्रथम विधि आयोग के अध्यक्ष कौन थे?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(d) एम. सी. सेतलवाद

व्याख्या

  • स्वतंत्र भारत के प्रथम विधि आयोग के अध्यक्ष एम. सी. सेतलवाद थे।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनस्वतंत्र भारत में भाषाई आधार पर गठित होने वाला पहला राज्य कौन-सा था?

स्वतंत्र भारत में भाषाई आधार पर गठित होने वाला पहला राज्य कौन-सा था?

उत्तर और पूरी व्याख्या

अक्टूबर 1953 में पोट्टी श्रीरामुलु के 56 दिनों के अनशन के बाद मद्रास से तेलुगु भाषी क्षेत्रों को अलग कर आंध्र राज्य (आंध्र प्रदेश) का गठन किया गया, जो पहला भाषाई राज्य था।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनस्वर्ण सिंह समिति ने संविधान में 8 मौलिक कर्तव्यों को शामिल करने की सिफारिश की थी। निम्नलिखित में से कौन-सी सिफारिशें 42वें संशोधन द्वारा स्वीकार…

स्वर्ण सिंह समिति ने संविधान में 8 मौलिक कर्तव्यों को शामिल करने की सिफारिश की थी। निम्नलिखित में से कौन-सी सिफारिशें 42वें संशोधन द्वारा स्वीकार नहीं की गईं? 1. संसद द्वारा किसी भी कर्तव्य के अनुपालन न करने पर दंड या सजा का प्रावधान। 2. सजा या दंड लगाने वाले कानून को किसी भी मूल अधिकार के उल्लंघन के आधार पर अदालत में चुनौती न दी जा सके । 3. कर (Tax) अदा करना नागरिकों का एक मौलिक कर्तव्य होना चाहिए। नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:

उत्तर और पूरी व्याख्या

स्वर्ण सिंह समिति की इन तीनों महत्वपूर्ण सिफारिशों (दंड का प्रावधान, न्यायिक समीक्षा से सुरक्षा, और कर अदायगी का कर्तव्य) को कांग्रेस सरकार ने 42वें संशोधन में शामिल नहीं किया था।

BPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2023स्वामित्व योजना के संबंध में कथनों पर विचार कीजिए: 1. यह खान मंत्रालय के अंतर्गत केंद्रीय क्षेत्रक योजना है। 2. CORS नेटवर्क जैसी भू-स्थिति अवसंर…
स्वामित्व योजना के संबंध में कथनों पर विचार कीजिए: 1. यह खान मंत्रालय के अंतर्गत केंद्रीय क्षेत्रक योजना है। 2. CORS नेटवर्क जैसी भू-स्थिति अवसंरचना पाँच सेंटीमीटर स्तर तक शुद्धता प्रदान करती है। 3. CORS का अर्थ Cross-Origin Resource Sharing है। 4. ड्रोन तकनीक से ग्रामीण आबादी क्षेत्रों की भूमि का मानचित्रण कर स्पष्ट संपत्ति-स्वामित्व स्थापित करने की दिशा में सुधारात्मक कदम है। कौन-से कथन गलत हैं?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) 1 और 3

क्यों?

  • स्वामित्व योजना पंचायती राज मंत्रालय से संबंधित है और CORS का यहाँ अर्थ Continuously Operating Reference Stations है; इसलिए कथन 1 और 3 गलत हैं।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनहाल के वर्षों में राज्यों में राजनीतिक संकटों के दौरान दसवीं अनुसूची (दलबदल कानून) के क्रियान्वयन में उत्पन्न प्रमुख संवैधानिक चुनौतियों के संदर्…

हाल के वर्षों में राज्यों में राजनीतिक संकटों के दौरान दसवीं अनुसूची (दलबदल कानून) के क्रियान्वयन में उत्पन्न प्रमुख संवैधानिक चुनौतियों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. सत्तारूढ़ दल के असंतुष्ट विधायकों द्वारा सामूहिक रूप से त्यागपत्र ( Resignation) देकर सदन की कुल संख्या कम करना और विपक्षी दल की सरकार बनवाना। 2. पीठासीन अधिकारी (स्पीकर) द्वारा अयोग्यता याचिकाओं पर महीनों या वर्षों तक निर्णय न लेना अथवा सत्तारूढ़ दल के पक्ष में पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाना। 3. मूल राजनीतिक दल ( Original Political Party) और विधायिका दल (Legislature Party) के बीच विभाजन की स्थिति में आधिकारिक दल की पहचान का संकट। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

उत्तर और पूरी व्याख्या

दलबदल कानून में resignation, whip, Speaker delay और floor-test जैसे मुद्दे संवैधानिक विवाद रहे हैं।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनAFSPA, 1958 की धारा 3 के तहत disturbed area घोषित करने की शक्ति किसके पास हो सकती है?

AFSPA, 1958 की धारा 3 के तहत disturbed area घोषित करने की शक्ति किसके पास हो सकती है?

उत्तर और पूरी व्याख्या

धारा 3 संबंधित राज्यपाल/UT Administrator तथा केंद्र सरकार को अधिसूचना द्वारा disturbed area घोषित करने की शक्ति देती है।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनAll India Services के cadre officers की Central Deputation के वर्तमान Rule 6(1) के बारे में कौन-से कथन सही हैं? 1. सामान्यतः Central Government औ…

All India Services के cadre officers की Central Deputation के वर्तमान Rule 6(1) के बारे में कौन-से कथन सही हैं? 1. सामान्यतः Central Government और State Government की concurrence से cadre officer को केंद्र या अन्य specified body में deputation पर भेजा जाता है। 2. Rule 6(1) के पाठ में disagreement होने पर मामला Central Government द्वारा तय किया जाता है और संबंधित State Government को उसके निर्णय को प्रभावी करना होता है। 3. Central Deputation को लेकर केंद्र–राज्य मतभेद सहकारी संघवाद और cadre management का व्यावहारिक विवाद बने रहे हैं।

उत्तर और पूरी व्याख्या

तीनों वर्तमान IAS Cadre Rules की संरचना और संघीय व्यवहार को दर्शाते हैं। इसे उन प्रस्तावित संशोधनों से अलग समझना चाहिए जिन पर समय-समय पर राजनीतिक विवाद हुआ; परीक्षा में मौजूदा Rule 6 का पाठ प्राथमिक है।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनAssociation for Democratic Reforms (2002) निर्णय का प्रमुख परिणाम क्या था?

Association for Democratic Reforms (2002) निर्णय का प्रमुख परिणाम क्या था?

उत्तर और पूरी व्याख्या

सुप्रीम कोर्ट ने मतदाता के जानने के अधिकार को अनुच्छेद 19(1)(a) से जोड़ा और उम्मीदवार-प्रकटीकरण व्यवस्था को मजबूत किया।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनB. P. Singhal v. Union of India (2010) में राज्यपाल की पदमुक्ति के संबंध में Supreme Court ने क्या सिद्धांत स्थापित किया?

B. P. Singhal v. Union of India (2010) में राज्यपाल की पदमुक्ति के संबंध में Supreme Court ने क्या सिद्धांत स्थापित किया?

उत्तर और पूरी व्याख्या

सही उत्तर (c) है। अनुच्छेद 156 राज्यपाल को राष्ट्रपति के प्रसादपर्यन्त पद पर रखता है, इसलिए पाँच वर्ष पूर्णतः सुरक्षित fixed tenure नहीं है। किंतु B.P. Singhal ने स्पष्ट किया कि pleasure doctrine का अर्थ arbitrary power नहीं है। केवल राजनीतिक असहमति या केंद्र में शासन परिवर्तन अपने-आप हटाने का वैध आधार नहीं बनता। राष्ट्रपति को कारण सार्वजनिक करना आवश्यक नहीं, फिर भी यदि prima facie mala fide या मनमानी दिखाई जाए तो न्यायालय सीमित समीक्षा कर सकता है।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनCAG की ऑडिट शक्तियों की सीमाओं के संदर्भ में कौन-से कथन सही हैं? 1. गुप्त सेवा व्यय में विस्तृत वाउचर की जगह सक्षम प्राधिकारी का प्रमाणपत्र स्वीक…

CAG की ऑडिट शक्तियों की सीमाओं के संदर्भ में कौन-से कथन सही हैं? 1. गुप्त सेवा व्यय में विस्तृत वाउचर की जगह सक्षम प्राधिकारी का प्रमाणपत्र स्वीकार किया जा सकता है। 2. वैधानिक निगमों/निकायों के ऑडिट में संबंधित स्थापना-कानून यह तय कर सकता है कि CAG की भूमिका प्रत्यक्ष, पूरक या सीमित होगी।

उत्तर और पूरी व्याख्या

दोनों कथन सही हैं। CAG की शक्तियाँ संविधान और CAG DPC Act, 1971 के साथ संबंधित निकाय के कानून पर निर्भर करती हैं। इसलिए RBI/SBI/LIC जैसे सभी संस्थानों पर एक ही blanket नियम लागू करना सही नहीं है।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनCAG की संघ-स्तरीय रिपोर्टिंग और वित्तीय लेखा-परीक्षा के बारे में कौन-से कथन सही हैं? 1. CAG Finance Accounts और Appropriation Accounts की जांच/प्…

CAG की संघ-स्तरीय रिपोर्टिंग और वित्तीय लेखा-परीक्षा के बारे में कौन-से कथन सही हैं? 1. CAG Finance Accounts और Appropriation Accounts की जांच/प्रमाणन करता है। 2. CAG की रिपोर्टें केवल तीन स्थिर श्रेणियों तक संवैधानिक रूप से सीमित नहीं हैं; वित्तीय, अनुपालन और प्रदर्शन सहित अनेक रिपोर्टें हो सकती हैं। 3. संघ से संबंधित CAG रिपोर्टें राष्ट्रपति को दी जाती हैं, जो उन्हें संसद के समक्ष रखवाते हैं।

उत्तर और पूरी व्याख्या

तीनों कथन सही हैं। अनुच्छेद 151 संघ से संबंधित रिपोर्ट राष्ट्रपति को देने की व्यवस्था करता है। वर्तमान CAG व्यवस्था में रिपोर्टें अनेक विषयों/क्षेत्रों में होती हैं; उन्हें केवल 'तीन रिपोर्ट' कह देना अत्यधिक सरलीकरण है।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनCAG के कार्यकाल और स्वतंत्रता के संदर्भ में कौन-से कथन सही हैं? 1. नियुक्ति राष्ट्रपति करते हैं। 2. कार्यकाल 6 वर्ष या 65 वर्ष की आयु तक, जो पहले…

CAG के कार्यकाल और स्वतंत्रता के संदर्भ में कौन-से कथन सही हैं? 1. नियुक्ति राष्ट्रपति करते हैं। 2. कार्यकाल 6 वर्ष या 65 वर्ष की आयु तक, जो पहले हो। 3. हटाने की प्रक्रिया सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश जैसी है। 4. पद छोड़ने के बाद केंद्र/राज्य सरकार के अधीन अन्य पद के लिए पात्र नहीं।

उत्तर और पूरी व्याख्या

चारों कथन CAG की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने वाले प्रमुख संवैधानिक/वैधानिक सुरक्षा उपाय हैं।