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अभ्यास से समझ तक

वस्तुनिष्ठ प्रश्न-संग्रह • पृष्ठ 142

एक सवाल हल कीजिए, उसका कारण समझिए, फिर आगे बढ़िए। करंट अफेयर्स, विषयवार अध्ययन और विगत वर्षों के प्रश्न अब एक जगह।

4666 प्रश्न संग्रह में3816 प्रश्न उत्तर और व्याख्या सहित
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सत्र में प्रश्नों की संख्या

2821–2840 / 4666 प्रश्न

प्रश्न-संग्रह

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विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में केवल नागरिकों (Citizens) को प्राप्त मौलिक अधिकार, जो विदेशियों (Aliens) को प्राप्त नहीं हैं, निम्नलिखित में से कौन-से हैं? 1. धर्म, मूलव…

भारत में केवल नागरिकों (Citizens) को प्राप्त मौलिक अधिकार, जो विदेशियों (Aliens) को प्राप्त नहीं हैं, निम्नलिखित में से कौन-से हैं? 1. धर्म, मूलवंश, जाति, लिंग या जन्मस्थान के आधार पर विभेद के विरुद्ध अधिकार (अनुच्छेद 15) 2. लोक नियोजन के विषय में अवसर की समता (अनुच्छेद 16) 3. विचार, अभिव्यक्ति, सम्मेलन, संघ, संचरण, निवास और व्यवसाय की स्वतंत्रता (अनुच्छेद 19) 4. संस्कृति और शिक्षा संबंधी अधिकार (अनुच्छेद 29 और 30) 5. विधि के समक्ष समता और विधियों का समान संरक्षण (अनुच्छेद 14) नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:

उत्तर और पूरी व्याख्या

केवल भारतीय नागरिकों को प्राप्त अधिकार हैं: अनुच्छेद 15, 16, 19, 29 और 30। अनुच्छेद 14 और अनुच्छेद 21 नागरिकों और विदेशियों दोनों को प्राप्त हैं।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में क्षेत्रीय दलों की भूमिका के बारे में कौन-से कथन सही हैं? 1. उन्होंने क्षेत्रीय आकांक्षाओं और भाषाई/उप-राष्ट्रीय पहचानों को राजनीतिक अभिव…

भारत में क्षेत्रीय दलों की भूमिका के बारे में कौन-से कथन सही हैं? 1. उन्होंने क्षेत्रीय आकांक्षाओं और भाषाई/उप-राष्ट्रीय पहचानों को राजनीतिक अभिव्यक्ति दी। 2. 1967 के आम चुनावों को कांग्रेस प्रभुत्व के क्षरण का महत्वपूर्ण मोड़ माना जाता है। 3. 1989 के बाद क्षेत्रीय दलों ने केंद्र की गठबंधन राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

उत्तर और पूरी व्याख्या

तीनों भारतीय दलीय विकास के व्यापक ऐतिहासिक रुझान को दर्शाते हैं।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में घोषित तीन राष्ट्रीय आपातकालों (1962, 1971 और 1975) के संदर्भ में निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए: 1. प्रथम राष्ट्रीय आपातकाल (1962) — …

भारत में घोषित तीन राष्ट्रीय आपातकालों (1962, 1971 और 1975) के संदर्भ में निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए: 1. प्रथम राष्ट्रीय आपातकाल (1962) — चीनी आक्रमण के कारण; अक्टूबर 1962 में घोषित और जनवरी 1968 में वापस लिया गया। 2. द्वितीय राष्ट्रीय आपातकाल (1971) — पाकिस्तान के साथ युद्ध/बाह्य आक्रमण की पृष्ठभूमि में दिसंबर 1971 में घोषित। 3. तृतीय राष्ट्रीय आपातकाल (1975) — 'आंतरिक अशांति' के तत्कालीन संवैधानिक आधार पर जून 1975 में घोषित और मार्च 1977 में वापस लिया गया। उपर्युक्त में से कौन-से युग्म सही सुमेलित हैं?

उत्तर और पूरी व्याख्या

सही उत्तर (d) है। 1962 का आपातकाल चीन के साथ युद्ध की पृष्ठभूमि में घोषित हुआ और 1968 में समाप्त हुआ। 1971 का आपातकाल पाकिस्तान के साथ युद्ध के संदर्भ में बाह्य आक्रमण के आधार पर घोषित किया गया; यह 1975 के आंतरिक आपातकाल के समय भी प्रभावी था। जून 1975 की तीसरी उद्घोषणा तत्कालीन 'internal disturbance' आधार पर थी। 1971 और 1975 वाली उद्घोषणाएँ मार्च 1977 में वापस ली गईं।

UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2026भारत में दिव्यांगजनों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा / कौन-से कथन सही है/हैं? भारत की संसद द्वारा वर्ष 2018 में पारित दिव्यांगजन अधिकार अध…
भारत में दिव्यांगजनों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा / कौन-से कथन सही है/हैं?
  1. भारत की संसद द्वारा वर्ष 2018 में पारित दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, शिक्षा और नियोजन में आरक्षण अनिवार्य करता है, पहुँच और विभेद न करने को सुनिश्चित करने के सरकारों के विधिक कर्तव्य को स्थापित करता है।
  2. सुगम्य भारत अभियान तीन प्रमुख क्षेत्रों यथा, निर्मित बुनियादी ढाँचा, परिवहन प्रणाली और सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी में दिव्यांगजनों की सार्वभौमिक पहुँच प्राप्त करने पर केंद्रित है।
  3. राष्ट्रीय दिव्यांगजन वित्त और विकास निगम (NDFDC) कारपोरेट कार्य मंत्रालय द्वारा स्थापित एक सार्वजनिक क्षेत्र संगठन है, जो दिव्यांगजनों (PwDs) में उद्यमिता के संवर्धन के लिए एक अलाभकारी कंपनी है।

नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर उत्तर चुनिए ।

उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) केवल 2

व्याख्या

  • कथन 1 गलत: दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम वर्ष 2016 में पारित हुआ था, 2018 में नहीं। वर्ष गलत होने से पूरा कथन गलत हो जाता है।
  • कथन 2 सही: सुगम्य भारत अभियान के तीन प्रमुख क्षेत्र निर्मित पर्यावरण, परिवहन और सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी हैं।
  • कथन 3 गलत: NDFDC दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के अंतर्गत कार्य करता है; कारपोरेट कार्य मंत्रालय के अंतर्गत नहीं।
परीक्षा नोट: RPwD Act = 2016; Sugamya Bharat = निर्मित पर्यावरण + परिवहन + ICT; NDFDC = सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय।
UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2025भारत में निम्नलिखित संस्थाओं पर विचार कीजिए: अंतर-राज्य परिषदराष्ट्रीय सुरक्षा परिषदक्षेत्रीय परिषदें इनमें से कितनी संस्थाएँ संविधान के प्रावधान…
भारत में निम्नलिखित संस्थाओं पर विचार कीजिए:
  1. अंतर-राज्य परिषद
  2. राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद
  3. क्षेत्रीय परिषदें

इनमें से कितनी संस्थाएँ संविधान के प्रावधानों के अनुसार स्थापित की गई हैं?

उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(a) केवल एक

क्यों?

  • अंतर-राज्य परिषद का संवैधानिक आधार अनुच्छेद 263 में है।
  • राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद कार्यपालिका द्वारा स्थापित संस्था है।
  • क्षेत्रीय परिषदें राज्य पुनर्गठन अधिनियम, 1956 के अंतर्गत वैधानिक संस्थाएँ हैं।
UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2020भारत में नौकरशाही की उपयुक्त विशेषता क्या है?
भारत में नौकरशाही की उपयुक्त विशेषता क्या है?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(d) लोक नीति का क्रियान्वयन

क्यों?

  • नौकरशाही का मूल प्रशासनिक कार्य सार्वजनिक नीति को लागू करना है।
UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2020भारत में न्यायपालिका को कार्यपालिका से अलग करने का निर्देश कहाँ है?
भारत में न्यायपालिका को कार्यपालिका से अलग करने का निर्देश कहाँ है?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) राज्य के नीति-निदेशक तत्व

क्यों?

  • अनुच्छेद 50 नीति-निदेशक तत्वों में है।
UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2022भारत में न्यायालयों द्वारा जारी रिटों के संदर्भ में: मैंडेमस निजी संस्था के विरुद्ध नहीं जाएगा, जब तक उस पर सार्वजनिक कर्तव्य न हो।मैंडेमस किसी क…
भारत में न्यायालयों द्वारा जारी रिटों के संदर्भ में:
  1. मैंडेमस निजी संस्था के विरुद्ध नहीं जाएगा, जब तक उस पर सार्वजनिक कर्तव्य न हो।
  2. मैंडेमस किसी कंपनी के विरुद्ध नहीं जाएगा, भले वह सरकारी कंपनी हो।
  3. कोई भी जनहितकारी व्यक्ति क्वो वारंटो हेतु याचिका दे सकता है।
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(d) 1, 2 और 3

क्यों?

  • UPSC की अंतिम कुंजी ने तीनों कथनों को सही माना।
  • क्वो वारंटो में सीधे व्यक्तिगत नुकसान दिखाना आवश्यक नहीं; सार्वजनिक पद की वैधता चुनौती दी जाती है।
UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2017भारत में न्यायिक पुनरावलोकन (Judicial Review) का अर्थ क्या है?
भारत में न्यायिक पुनरावलोकन (Judicial Review) का अर्थ क्या है?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(a) कानूनों और कार्यपालिका आदेशों की संवैधानिकता जाँचना

क्यों?

  • न्यायिक पुनरावलोकन का मूल कार्य राज्य कार्रवाई की संवैधानिक वैधता की जाँच है।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में न्यायिक सक्रियता ( Judicial Activism) और जनहित याचिका (PIL) की अवधारणा के विकास के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भारत म…

भारत में न्यायिक सक्रियता ( Judicial Activism) और जनहित याचिका (PIL) की अवधारणा के विकास के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भारत में जनहित याचिका की शुरुआत 1980 के दशक के आरंभ में न्यायमूर्ति पी. एन. भगवती और न्यायमूर्ति वी. आर. कृ ष्णा अय्यर के प्रयासों से हुई। 2. जनहित याचिका ने पारंपरिक विधिक अधिकार ( Locus Standi / वाद दायर करने का अधिकार) के नियम को उदार बनाया, जिसके तहत कोई भी जनहितैषी नागरिक या संस्था वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए अदालत जा सकती है। 3. जनहित याचिका की अवधारणा मूल रूप से ब्रिटिश कॉमन लॉ की एक सदियों पुरानी न्यायिक परंपरा है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

उत्तर और पूरी व्याख्या

कथन 3 गलत है क्योंकि जनहित याचिका ( PIL) की अवधारणा मूल रूप से 1960 के दशक में संयुक्त राज्य अमेरिका (USA) के सामाजिक कार्रवाई मुकदमेबाजी ( Social Action Litigation) से विकसित हुई थी, न कि ब्रिटिश कॉमन लॉ से। कथन 1 और 2 सही हैं।

UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2021भारत में न्यायिक हिरासत के संदर्भ में:आरोपी मजिस्ट्रेट की हिरासत में रहते हुए पुलिस थाने में बंद रहता है, जेल में नहीं।न्यायिक हिरासत में पुलिस अ…
भारत में न्यायिक हिरासत के संदर्भ में:
  1. आरोपी मजिस्ट्रेट की हिरासत में रहते हुए पुलिस थाने में बंद रहता है, जेल में नहीं।
  2. न्यायिक हिरासत में पुलिस अदालत की अनुमति के बिना आरोपी से पूछताछ नहीं कर सकती।
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) केवल 2

क्यों?

  • न्यायिक हिरासत में आरोपी जेल/न्यायिक अभिरक्षा में रहता है; पुलिस पूछताछ के लिए न्यायालय की अनुमति आवश्यक होती है।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में पंचायती राज व्यवस्था के विकास से संबंधित विभिन्न समितियों का सही कालानुक्रम क्या है?

भारत में पंचायती राज व्यवस्था के विकास से संबंधित विभिन्न समितियों का सही कालानुक्रम क्या है?

उत्तर और पूरी व्याख्या

सही उत्तर (a) है। बलवंत राय मेहता समिति (1957) → अशोक मेहता समिति (1977) → जी. वी. के. राव समिति (1985) → एल. एम. सिंघवी समिति (1986)।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में पहली जनहित याचिका ( PIL) के रूप में प्रसिद्ध हुसैनआरा खातून बनाम गृह सचिव, बिहार राज्य (1979) मामला मुख्य रूप से किससे संबंधित था?

भारत में पहली जनहित याचिका ( PIL) के रूप में प्रसिद्ध हुसैनआरा खातून बनाम गृह सचिव, बिहार राज्य (1979) मामला मुख्य रूप से किससे संबंधित था?

उत्तर और पूरी व्याख्या

हुसैनआरा खातून मामला (1979) भारत का पहला बड़ा PIL मामला था, जिसमें समाचार पत्र की रिपोर्ट के आधार पर अधिवक्ता पुष्पा कपिला हिंगोरानी ने याचिका दायर की, जिसके परिणामस्वरूप 40,000 से अधिक विचाराधीन कै दी रिहा हुए और त्वरित विचारण को अनुच्छेद 21 का अंग माना गया।

विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में पहली बार नगर निगम (Municipal Corporation) की स्थापना 1687-88 में कहां की गई थी?

भारत में पहली बार नगर निगम (Municipal Corporation) की स्थापना 1687-88 में कहां की गई थी?

उत्तर और पूरी व्याख्या

सही उत्तर (c) है। भारत में सबसे पहला नगर निगम 1687-88 में मद्रास (चेन्नई) में स्थापित किया गया था। इसके बाद 1726 में बंबई और कलकत्ता में नगर निगम स्थापित किए गए।

UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2017भारत में मतदान और निर्वाचित होने का अधिकार किस प्रकार का अधिकार है?
भारत में मतदान और निर्वाचित होने का अधिकार किस प्रकार का अधिकार है?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(c) संवैधानिक अधिकार

क्यों?

  • UPSC की अंतिम कुंजी ने इसे संवैधानिक अधिकार माना।
BPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2019भारत में मतदान के लिए प्रयोग की जाने वाली VVPAT मशीन का संस्करण क्या था?
भारत में मतदान के लिए प्रयोग की जाने वाली VVPAT मशीन का संस्करण क्या था?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(c) M3

व्याख्या

  • BPSC की अंतिम उत्तर-कुंजी के अनुसार सही उत्तर (c) M3 है।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में लोकायुक्त संस्था सबसे पहले किस राज्य में वास्तविक रूप से स्थापित हुई?

भारत में लोकायुक्त संस्था सबसे पहले किस राज्य में वास्तविक रूप से स्थापित हुई?

उत्तर और पूरी व्याख्या

ओडिशा ने 1970 में कानून पारित किया था, लेकिन लोकायुक्त संस्था की वास्तविक स्थापना सबसे पहले महाराष्ट्र में 1971 में हुई।

UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2022भारत में विधि व्यवसाय के संदर्भ में: सरकारी विधि अधिकारी और विधि फर्म अधिवक्ता माने जाते हैं, पर कॉर्पोरेट वकील और पेटेंट अटॉर्नी नहीं।बार काउंसि…
भारत में विधि व्यवसाय के संदर्भ में:
  1. सरकारी विधि अधिकारी और विधि फर्म अधिवक्ता माने जाते हैं, पर कॉर्पोरेट वकील और पेटेंट अटॉर्नी नहीं।
  2. बार काउंसिल विधि शिक्षा और विधि महाविद्यालयों की मान्यता संबंधी नियम तय कर सकती हैं।
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) केवल 2

क्यों?

  • पहला कथन अत्यधिक व्यापक और गलत है।
  • बार काउंसिल ऑफ इंडिया विधि शिक्षा के मानक और मान्यता संबंधी वैधानिक भूमिका निभाती है।
UPSC विगत वर्ष • राजव्यवस्था और शासन • 2021भारत में संपत्ति के अधिकार की संवैधानिक स्थिति क्या है?
भारत में संपत्ति के अधिकार की संवैधानिक स्थिति क्या है?
उत्तर और पूरी व्याख्या
सही उत्तर(b) किसी भी व्यक्ति को उपलब्ध संवैधानिक/कानूनी अधिकार

क्यों?

  • अनुच्छेद 300A के अंतर्गत किसी व्यक्ति को विधि के प्राधिकार के बिना संपत्ति से वंचित नहीं किया जा सकता।
विषयवार प्रश्न-सेट • राजव्यवस्था और शासनभारत में स्थानीय स्वशासन के जनक (Father of Local Self-Government in India) के रूप में किसे जाना जाता है?

भारत में स्थानीय स्वशासन के जनक (Father of Local Self-Government in India) के रूप में किसे जाना जाता है?

उत्तर और पूरी व्याख्या

सही उत्तर (b) है। लॉर्ड रिपन के 1882 के स्थानीय स्वशासन संबंधी प्रस्ताव को भारत में 'स्थानीय स्वशासन का मैग्ना कार्टा' कहा जाता है और उन्हें स्थानीय स्वशासन का जनक माना जाता है।