बिहार लोक सेवा आयोग (Bihar Public Service Commission—BPSC) · बिहार विशेष · भूगोल
भाग 4: जलप्रपात, झीलें, गर्म जलकुंड एवं आर्द्रभूमियाँ
बिहार के प्रमुख जलप्रपातों, प्राकृतिक झीलों, आर्द्रभूमियों, रामसर स्थलों और गर्म जलस्रोतों का परीक्षा-केंद्रित अध्ययन।
जलप्रपातककोलत · तेलहर · धुआंकुंड · तुतला भवानी
आर्द्रभूमियाँकाबरताल · कुशेश्वरस्थान · गोगाबिल
रामसर स्थलबिहार में कुल 5 स्थल
महत्वपूर्ण तथ्य
- बिहार के अधिकांश प्रमुख जलप्रपात दक्षिणी पठारी क्षेत्र में स्थित हैं, विशेषकर कैमूर, रोहतास और नवादा में।
- काबरताल आर्द्रभूमि बिहार का पहला रामसर स्थल है।
- 2024 में नागी और नकटी पक्षी अभयारण्यों के जुड़ने के बाद बिहार में 3 रामसर स्थल हुए।
- सितंबर 2025 में गोकुल जलाशय और उदयपुर झील के जुड़ने के बाद बिहार में रामसर स्थलों की कुल संख्या 5 हो गई।
- राजगीर और मुंगेर बिहार के प्रमुख गर्म जलस्रोत क्षेत्रों में शामिल हैं।
इस भाग में क्या पढ़ना है?
1. बिहार के प्रमुख जलप्रपात
| जलप्रपात | जिला | संबंधित क्षेत्र/नदी | मुख्य विशेषता |
|---|---|---|---|
| ककोलत जलप्रपात | नवादा | ककोलत पहाड़ी, बिहार–झारखंड सीमा क्षेत्र | लगभग 150–160 फीट की ऊँचाई से गिरता है; प्राकृतिक जलकुंड और चैत्र/बिसुआ मेले के लिए प्रसिद्ध। |
| तेलहर कुंड | कैमूर | कैमूर पठार, दुर्गावती नदी क्षेत्र | घने वन और पठारी चट्टानों के बीच स्थित प्रसिद्ध जलप्रपात। |
| करकट जलप्रपात | कैमूर | कैमूर वन क्षेत्र | पर्यटन और वन्यजीव क्षेत्र से जुड़ा महत्वपूर्ण स्थल। |
| धुआंकुंड एवं मंझारकुंड | रोहतास | सासाराम क्षेत्र, कैमूर पठार | मानसूनी प्रवाह और प्राकृतिक घाटी-दृश्य के लिए प्रसिद्ध। |
| तुतला भवानी जलप्रपात | रोहतास | तिलौथू क्षेत्र, कचनर नदी घाटी | संकरी घाटी, तुतला भवानी मंदिर और पर्यटन के लिए प्रसिद्ध। |
| दुर्गावती/खादर कोह जलप्रपात | रोहतास | दुर्गावती नदी | पठारी कगार से गिरने वाला प्रमुख जलप्रपात। |
| ओखराइन/ओखल कुंड | रोहतास | गोपथ नदी क्षेत्र | दक्षिण-पश्चिम बिहार के पठारी जलप्रपातों में महत्वपूर्ण। |
2. बिहार की प्रमुख झीलें एवं आर्द्रभूमियाँ
उत्तर बिहार के मैदानी भाग में नदियों के मार्ग-परिवर्तन, विसर्पण और बाढ़जनित निक्षेपों से अनेक गोखुर झीलें, मन और चौर विकसित हुए हैं।
| झील/आर्द्रभूमि | जिला | प्रकार | मुख्य तथ्य |
|---|---|---|---|
| काबरताल/कंवर झील | बेगूसराय | गोखुर झील एवं आर्द्रभूमि | 2,620 हेक्टेयर क्षेत्र; बिहार का पहला रामसर स्थल; प्रवासी पक्षियों के लिए महत्वपूर्ण। |
| कुशेश्वरस्थान आर्द्रभूमि | दरभंगा | चौर एवं मौसमी आर्द्रभूमि | कमला तथा अन्य नदियों के जलभराव से विकसित; पक्षी अभयारण्य क्षेत्र। |
| गोगाबिल झील | कटिहार | गोखुर झील/आर्द्रभूमि | 2019 में बिहार का पहला सामुदायिक रिजर्व घोषित; पक्षी विविधता के लिए प्रसिद्ध। |
| बरैला झील | वैशाली | चौर/आर्द्रभूमि | प्रवासी पक्षियों और स्थानीय जलीय जैव विविधता के लिए महत्वपूर्ण। |
| सिमरी बख्तियारपुर झील क्षेत्र | सहरसा | गोखुर/चौर तंत्र | कई छोटे चौरों और जलनिकायों का समूह। |
| सरैया मन | पश्चिमी चंपारण | प्राकृतिक मन/गोखुर झील | स्थानीय आर्द्रभूमि एवं पक्षी आवास। |
| मोतीझील | पूर्वी चंपारण | पुराना नदीय विसर्प | मोतिहारी नगर का प्रमुख शहरी जलनिकाय। |
| उदयपुर झील | पश्चिमी चंपारण | प्राकृतिक आर्द्रभूमि | उदयपुर वन्यजीव अभयारण्य क्षेत्र में स्थित; 2025 से रामसर स्थल। |
| अनुपम झील | कैमूर | प्राकृतिक जलनिकाय | कैमूर वन्यजीव अभयारण्य के पठारी क्षेत्र में स्थित। |
3. बिहार के रामसर स्थल
अक्टूबर 2026 तक बिहार में कुल 5 रामसर स्थल हैं।
| रामसर स्थल | जिला | वर्ष | क्षेत्रफल |
|---|---|---|---|
| काबरताल आर्द्रभूमि | बेगूसराय | 2020 | 2,620 हेक्टेयर |
| नागी पक्षी अभयारण्य | जमुई | 2024 में अंतरराष्ट्रीय सूची में शामिल | लगभग 205.8 हेक्टेयर |
| नकटी पक्षी अभयारण्य | जमुई | 2024 में अंतरराष्ट्रीय सूची में शामिल | लगभग 332.6 हेक्टेयर |
| गोकुल जलाशय | बक्सर | 2025 | 448 हेक्टेयर |
| उदयपुर झील | पश्चिमी चंपारण | 2025 | 319 हेक्टेयर |
4. बिहार के प्रमुख गर्म जलकुंड
| क्षेत्र | जिला | प्रमुख जलकुंड | विशेषता |
|---|---|---|---|
| राजगीर | नालंदा | ब्रह्मकुंड, सप्तधारा, सूर्यकुंड, मखदूम कुंड, नानक कुंड | राजगीर का ब्रह्मकुंड पवित्र गर्म जलस्रोत है; बिहार पर्यटन के अनुसार जल का तापमान लगभग 45–50°C रहता है। |
| मुंगेर–खड़गपुर क्षेत्र | मुंगेर | सीताकुंड, लक्ष्मण कुंड, रामेश्वर कुंड, ऋषि कुंड, श्रृंगार ऋषि कुंड | प्राकृतिक गर्म जलस्रोत और धार्मिक पर्यटन के लिए प्रसिद्ध। |
| गया क्षेत्र | गया | अग्निकुंड | दक्षिणी पठारी सीमा से जुड़ा गर्म जलस्रोत। |
5. समसामयिकी
- गोकुल जलाशय और उदयपुर झील: सितंबर 2025 में रामसर सूची में शामिल होने से बिहार के रामसर स्थलों की संख्या 5 हो गई।
- ककोलत जलप्रपात: नवादा का प्रमुख पर्यटन स्थल; पर्यटन सुविधाओं और सुरक्षा अवसंरचना का विकास किया गया है।
- नागी–नकटी क्षेत्र: जमुई का महत्वपूर्ण पक्षी एवं आर्द्रभूमि संरक्षण क्षेत्र; प्रवासी जलपक्षियों के लिए प्रसिद्ध।
6. अभ्यास प्रश्न
प्रश्न 1. अक्टूबर 2026 तक बिहार में कुल कितने रामसर स्थल हैं?
उत्तर: 5।
उत्तर: 5।
प्रश्न 2. बिहार का पहला रामसर स्थल कौन-सा है?
उत्तर: काबरताल आर्द्रभूमि, बेगूसराय।
उत्तर: काबरताल आर्द्रभूमि, बेगूसराय।
प्रश्न 3. गोकुल जलाशय किस जिले में स्थित है?
उत्तर: बक्सर।
उत्तर: बक्सर।
प्रश्न 4. ककोलत जलप्रपात किस जिले में स्थित है?
उत्तर: नवादा।
उत्तर: नवादा।
7. BPSC के पिछले वर्षों के प्रश्न
- 69वीं BPSC प्रारंभिक परीक्षा (2023): ककोलत जलप्रपात किस जिले में स्थित है? उत्तर: नवादा।
- 68वीं BPSC प्रारंभिक परीक्षा (2023): तेलहर कुंड जलप्रपात किस जिले में स्थित है? उत्तर: कैमूर।
- 67वीं BPSC प्रारंभिक परीक्षा (2022): बिहार का पहला रामसर स्थल कौन-सा है? उत्तर: काबरताल/कंवर झील, बेगूसराय।
- 66वीं BPSC पुनर्परीक्षा (2020): प्रसिद्ध गर्म जलकुंड ब्रह्मकुंड कहाँ स्थित है? उत्तर: राजगीर, नालंदा।
- 65वीं BPSC प्रारंभिक परीक्षा (2019): बिहार में स्थित झील कौन-सी है? उत्तर: अनुपम झील, कैमूर।
- 64वीं BPSC प्रारंभिक परीक्षा (2018): बिहार का प्रसिद्ध गर्म जलकुंड कौन-सा है? उत्तर: ब्रह्मकुंड, राजगीर।
- 63वीं BPSC प्रारंभिक परीक्षा (2017): मुंगेर का प्रसिद्ध गर्म जलकुंड कौन-सा है? उत्तर: सीताकुंड/लक्ष्मण कुंड।
- 60वीं–62वीं BPSC (2016): गोगाबिल झील किस जिले में स्थित है? उत्तर: कटिहार।
- 56वीं–59वीं BPSC (2015): कुशेश्वरस्थान पक्षी अभयारण्य किस जिले में स्थित है? उत्तर: दरभंगा।
अद्यतन: 5 अक्टूबर 2026