2013 · Q7
प्रश्न
“व्यक्ति का भला सबके भले में निहित है।” (The Good of an Individual is Contained in the Good of All.) इस कथन से आप क्या समझते हैं? सार्वजनिक जीवन में इस सिद्धांत को कैसे लागू किया जा सकता है?
मॉडल उत्तर
जॉन रस्किन की पुस्तक 'Unto This Last' से प्रेरित महात्मा गांधी के 'सर्वोदय' (Sarvodaya) दर्शन का यह मूल मंत्र स्पष्ट
करता है कि मनुष्य कोई अलग-थलग द्वीप नहीं है, बल्कि समाज का एक अविभाज्य अंग है। यदि समाज में गरीबी, महामारी, प्रदूषण या
अपराध है, तो कोई भी अमीर व्यक्ति अकेले सुरक्षित और सुखी नहीं रह सकता (जैसा कि COVID-19 महामारी और वायु प्रदूषण ने सिद्ध
किया है)। सार्वजनिक जीवन में इसे लागू करने के उपाय: (1) नीति-निर्माण में अंत्योदय: विकास परियोजनाओं में केवल जीडीपी वृद्धि के
बजाय विस्थापितों के पुनर्वास और समावेशी कल्याण को प्राथमिकता देना। (2) नागरिक आचरण: करों ( Taxes) का ईमानदारी से भुगतान
करना, सार्वजनिक संसाधनों (जल, बिजली) की बचत करना और यातायात व स्वच्छता नियमों का पालन करना। (3) कॉर्पोरेट न्यासिता
(CSR): व्यवसायों द्वारा श्रमिकों के कल्याण और पर्यावरण संरक्षण को अपने लाभ का हिस्सा मानना।
मॉडल उत्तर स्रोत PDF पर आधारित है; पठनीयता के लिए टंकण, विराम-चिह्न और स्पष्ट OCR त्रुटियों का संपादकीय परिष्कार किया गया है। प्रश्न क्रमांक/शब्द-सीमा सत्यापन के बाद प्रकाशित हैं।