भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 के अधीन जीरो प्रथम सूचना रिपोर्ट (Zero FIR) के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा/कौन-से कथन सही है/हैं?
उत्तर और व्याख्या
सही उत्तर(d) केवल 2
व्याख्या
- कथन 1 गलत: धारा 173 में क्षेत्राधिकार की परवाह किए बिना सूचना देने की व्यवस्था संज्ञेय अपराध के लिए है; कथन ने असंज्ञेय अपराध भी जोड़ दिया है।
- कथन 2 सही: 3 वर्ष या अधिक किंतु 7 वर्ष से कम दंडनीय संज्ञेय अपराधों में धारा 173(3) के तहत DSP या उससे ऊपर के अधिकारी की पूर्व अनुमति से प्रारंभिक जाँच की जा सकती है।
- कथन 3 गलत: सूचना मौखिक या इलेक्ट्रॉनिक दोनों रूपों में दी जा सकती है; इलेक्ट्रॉनिक रूप अनिवार्य नहीं है।
परीक्षा नोट: Zero FIR = संज्ञेय अपराध + क्षेत्राधिकार बाधा नहीं; इलेक्ट्रॉनिक सूचना वैकल्पिक; 3–7 वर्ष वाले मामले में DSP अनुमति से प्रारंभिक जाँच।