विमानन क्षेत्र में बीमा के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा/कौन-से कथन सही है/हैं?
उत्तर और व्याख्या
सही उत्तर(c) 1 और 2 दोनों
कथनवार विश्लेषण
- कथन 1 सही: विमानन हल बीमा वायुयान की भौतिक क्षति/हानि को कवर करता है। इसमें वायुयान का ढाँचा, इंजन तथा उससे जुड़े उपकरण सम्मिलित होते हैं। इसे यात्री या तृतीय-पक्ष देयता बीमा से अलग समझना चाहिए।
- कथन 2 सही: मॉन्ट्रियल कन्वेंशन, 1999 अंतरराष्ट्रीय वायु-परिवहन में यात्री की मृत्यु या शारीरिक चोट के लिए दो-स्तरीय देयता व्यवस्था स्थापित करता है। प्रथम स्तर में निर्धारित सीमा तक वाहक पर कठोर देयता (Strict Liability) लागू होती है; परिवार को एयरलाइन की लापरवाही सिद्ध करना आवश्यक नहीं होता।
- निर्धारित सीमा से ऊपर के दावे में वाहक को अपनी लापरवाही न होने अथवा क्षति के किसी तृतीय पक्ष के कारण होने का बचाव उपलब्ध हो सकता है। इसलिए “बिना दोष सिद्ध किए क्षतिपूर्ति” को दो-स्तरीय व्यवस्था के संदर्भ में समझना चाहिए।
परीक्षा में ध्यान रखें: हल बीमा = वायुयान की भौतिक संपत्ति; मॉन्ट्रियल कन्वेंशन = अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्री देयता।