68वीं BPSC Prelims 2022–23 · प्रश्न 31

19वीं शताब्दी के उत्तरार्ध में इतिहास के अध्ययन ने राष्ट्रवाद को किस प्रकार सहायता दी?

19वीं शताब्दी के उत्तरार्ध में इतिहास के अध्ययन ने राष्ट्रवाद को किस प्रकार सहायता दी?
(a)भारतीय अतीत की पुनर्व्याख्या कर ब्रिटिश ‘पिछड़ेपन’ की धारणा का प्रतिवाद किया
(b)गौरवशाली अतीत से राष्ट्रीय आत्मसम्मान बढ़ाया
(c)ब्रिटिश शासन की दयनीय परिस्थितियों को बदलने के संघर्ष की प्रेरणा दी
(d)उपर्युक्त में से एक से अधिक
(e)उपर्युक्त में से कोई नहीं

उत्तर और व्याख्या

सही उत्तर(d) उपर्युक्त में से एक से अधिक

व्याख्या

  • इन तीनों प्रक्रियाओं ने औपनिवेशिक विमर्श का प्रतिवाद और राष्ट्रीय चेतना के निर्माण में भूमिका निभाई।