राष्ट्रपति के अभिभाषण पर 'धन्यवाद प्रस्ताव' (Motion of Thanks) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. राष्ट्रपति प्रत्येक आम चुनाव के बाद प्रथम सत्र और प्रत्येक वर्ष के प्रथम सत्र के आरंभ में दोनों सदनों को एक साथ संबोधित करते हैं। 2. अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर लोकसभा और राज्यसभा में अलग-अलग चर्चा और मतदान होता है। 3. यदि लोकसभा धन्यवाद प्रस्ताव पारित नहीं करती, तो इसे सरकार की गंभीर संसदीय पराजय माना जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

UPSC प्रारंभिक परीक्षा अभ्यास · प्रश्न 24 / 50

भारतीय राजव्यवस्था — सेट 7प्रश्न 24 / 50

विकल्प

Aकेवल 1 और 2
Bकेवल 2 और 3
Cकेवल 1 और 3
D1, 2 और 3
सही उत्तर: D. 1, 2 और 3
सही उत्तर (d) है। अनुच्छेद 87 राष्ट्रपति के विशेष अभिभाषण को आम चुनाव के बाद प्रथम सत्र तथा प्रत्येक वर्ष के प्रथम सत्र से जोड़ता है—इसे 'वित्तीय वर्ष' तक सीमित समझना ठीक नहीं। राष्ट्रपति दोनों सदनों की संयुक्त उपस्थिति को संबोधित करते हैं, लेकिन Motion of Thanks पर दोनों सदन अलग-अलग विचार करते हैं। लोकसभा में इसका पराजित होना सरकार के लिए विश्वास-संबंधी गंभीर राजनीतिक हार माना जाता है, क्योंकि अभिभाषण सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों को प्रस्तुत करता है।

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