LIVEUPSC CSE 2027 & BPSC • नोट्स • समसामयिकी • PYQ • Tests
इस पृष्ठ में
राजव्यवस्था • संघवाद • नागालैंड • UPSC

फ्रंटियर नागालैंड प्रादेशिक प्राधिकरण (FNTA): राष्ट्रपति की मंजूरी और असममित संघवाद

पूर्वी नागालैंड के छह जिलों के लिए 62-सदस्यीय स्वशासी प्राधिकरण; 46 विषय, महिला आरक्षण और अनुच्छेद 371A की संवैधानिक पृष्ठभूमि।

27 अक्टूबर 2026

चर्चा में क्यों?

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने फ्रंटियर नागालैंड टेरिटोरियल अथॉरिटी (FNTA) विधेयक, 2026 को मंजूरी दे दी है। नागालैंड विधानसभा ने इसे 3 सितंबर 2026 को सर्वसम्मति से पारित किया था। यह व्यवस्था पूर्वी नागालैंड के लोगों की लंबे समय से चली आ रही अधिक प्रशासनिक स्वायत्तता की मांग को नागालैंड राज्य के भीतर समायोजित करती है।

FNTA की संरचना

  • क्षेत्र: तुएनसांग, मोन, लोंगलेंग, किफिरे, नोकलाक और शमातोर—कुल छह जिले।
  • कुल सदस्य: 62—40 सीधे निर्वाचित, 20 संबंधित विधानसभा क्षेत्रों के विधायक पदेन सदस्य और 2 राज्यपाल द्वारा मनोनीत सदस्य।
  • 40 निर्वाचित सीटों में एक-तिहाई महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी।
  • 20 पदेन विधायकों को प्राधिकरण में मतदान का अधिकार नहीं होगा।
  • प्रथम निर्वाचित FNTA बनने तक अधिकतम एक वर्ष के लिए अंतरिम परिषद का प्रावधान है।

शक्तियाँ और संवैधानिक आधार

संशोधित व्यवस्था FNTA को 46 विषयों पर विधायी, कार्यकारी, प्रशासनिक और वित्तीय अधिकार देती है। इसे अनुच्छेद 371A की भावना के अनुरूप बनाया गया है। नागा धार्मिक-सामाजिक प्रथाओं, प्रथागत विधि, भूमि-संसाधन तथा विशेष संवैधानिक संरक्षण से संबंधित अनुच्छेद 371A का ढाँचा यथावत रहेगा। बंगाल ईस्टर्न फ्रंटियर रेगुलेशन, 1873 तथा पंचायत राज से मौजूदा छूट भी जारी रहने की बात कही गई है।

UPSC विश्लेषण

FNTA भारतीय संघवाद के उस रूप को दिखाता है जिसमें सभी राज्यों/क्षेत्रों के लिए एक जैसी संस्थागत व्यवस्था आवश्यक नहीं होती। असममित संघवाद स्थानीय पहचान, जनजातीय परंपराओं और विकास-अंतर को समायोजित कर सकता है। किंतु सफलता इस पर निर्भर करेगी कि राज्य सरकार, निर्वाचित FNTA और परंपरागत जनजातीय संस्थाओं के अधिकार स्पष्ट हों; वित्तीय हस्तांतरण पूर्वानुमेय हो; तथा स्थानीय लोकतंत्र जवाबदेह बना रहे।

परीक्षा के लिए सावधानी

  • FNTA अलग राज्य नहीं है; यह नागालैंड के भीतर स्वशासी प्रादेशिक प्राधिकरण है।
  • राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद भी अधिनियम का प्रवर्तन राज्य सरकार की राजपत्र अधिसूचना से होगा।
  • इसे संविधान की छठी अनुसूची की स्वायत्त जिला परिषद समझना गलत होगा; यह विशेष राज्य कानून से बनी अलग व्यवस्था है।

प्रारंभिक परीक्षा अभ्यास

प्रश्न 1. FNTA के संबंध में निम्न कथनों पर विचार कीजिए: 1. यह छह पूर्वी जिलों को कवर करता है। 2. इसके सभी 62 सदस्य प्रत्यक्ष निर्वाचित होंगे। 3. निर्वाचित सीटों में एक-तिहाई महिलाओं के लिए आरक्षित हैं।

  1. केवल 1 और 3
  2. केवल 2 और 3
  3. केवल 1 और 2
  4. 1, 2 और 3

सही उत्तर: A

व्याख्या: कुल 62 सदस्यों में 40 प्रत्यक्ष निर्वाचित, 20 पदेन विधायक और 2 मनोनीत सदस्य होंगे।

प्रश्न 2. अनुच्छेद 371A मुख्यतः किस राज्य से संबंधित विशेष प्रावधान करता है?

  1. असम
  2. मिजोरम
  3. नागालैंड
  4. मेघालय

सही उत्तर: C

व्याख्या: अनुच्छेद 371A नागालैंड की धार्मिक-सामाजिक प्रथाओं, प्रथागत विधि तथा भूमि-संसाधनों से जुड़े विशेष संरक्षण से संबंधित है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास प्रश्न

प्रश्न: FNTA को भारतीय असममित संघवाद और जनजातीय स्वशासन के एक नए प्रयोग के रूप में समझाइए। इसकी संभावनाओं और संस्थागत चुनौतियों की चर्चा कीजिए।

स्रोत

दिन का संग्रह

27 अक्टूबर 2026 के सभी करंट अफेयर्स →